मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने DRDO की स्वदेशी ‘कुशा’ मिसाइल प्रणाली के सफल परीक्षण को भारत की रक्षा आत्मनिर्भरता में ऐतिहासिक कदम बताया।
हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने भारत की रक्षा तकनीक में एक और बड़ी उपलब्धि के लिए देश के वैज्ञानिकों और रक्षा विशेषज्ञों को बधाई दी है। उन्होंने कहा कि ओडिशा स्थित डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम द्वीप से डीआरडीओ द्वारा विकसित लंबी दूरी की सतह से हवा में मार करने वाली स्वदेशी ‘कुशा’ मिसाइल प्रणाली का सफल उड़ान परीक्षण देश की बढ़ती रक्षा क्षमता और आत्मनिर्भर भारत अभियान की दिशा में महत्वपूर्ण उपलब्धि है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि यह सफलता भारतीय वैज्ञानिकों, इंजीनियरों और रक्षा अनुसंधान क्षेत्र की मेहनत एवं प्रतिभा का प्रमाण है। स्वदेशी तकनीक से तैयार यह अत्याधुनिक मिसाइल प्रणाली भारत की सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।
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हवाई खतरों से निपटने में सक्षम होगी ‘कुशा’ मिसाइल प्रणाली
‘कुशा’ मिसाइल प्रणाली को लंबी दूरी के हवाई खतरों को रोकने के उद्देश्य से विकसित किया गया है। यह प्रणाली दुश्मन के लड़ाकू विमानों, मिसाइलों, ड्रोन और अन्य बड़े हवाई लक्ष्यों को अलग-अलग ऊंचाइयों और दूरी पर प्रभावी तरीके से निशाना बनाने में सक्षम बताई जा रही है।
मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि आधुनिक युद्ध प्रणाली में मजबूत वायु रक्षा नेटवर्क का होना बेहद जरूरी है। स्वदेशी मिसाइल प्रणाली भारत की रणनीतिक सुरक्षा क्षमता को नई मजबूती प्रदान करेगी।
ओडिशा के डॉ. ए.पी.जे. अब्दुल कलाम द्वीप से @DRDO_India द्वारा लंबी दूरी की सतह से हवा में मार करने वाली स्वदेशी ‘कुशा’ मिसाइल प्रणाली का प्रथम सफल उड़ान परीक्षण भारत की रक्षा क्षमता और आत्मनिर्भरता की दिशा में एक ऐतिहासिक उपलब्धि है।
यह अत्याधुनिक मिसाइल प्रणाली लड़ाकू विमान,… pic.twitter.com/QQ0XdBqL6N
— Nayab Saini (@NayabSainiBJP) July 23, 2026
रक्षा क्षेत्र में आत्मनिर्भर भारत को मिल रहा बढ़ावा
सीएम सैनी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत रक्षा क्षेत्र में लगातार नई उपलब्धियां हासिल कर रहा है। सरकार की नीतियों के कारण देश में स्वदेशी रक्षा उत्पादन और अत्याधुनिक तकनीक के विकास को बढ़ावा मिला है।
उन्होंने कहा कि डीआरडीओ की यह उपलब्धि देश के वैज्ञानिक समुदाय के आत्मविश्वास को बढ़ाने वाली है और भारत को रक्षा तकनीक के क्षेत्र में वैश्विक स्तर पर मजबूत पहचान दिलाने में सहायक होगी।
भारतीय वैज्ञानिकों की उपलब्धि पर गर्व
मुख्यमंत्री ने कहा कि ‘कुशा’ मिसाइल प्रणाली का सफल परीक्षण यह दर्शाता है कि भारत अब रक्षा उपकरणों और अत्याधुनिक हथियार प्रणालियों के निर्माण में तेजी से आत्मनिर्भर बन रहा है।
उन्होंने डीआरडीओ के वैज्ञानिकों और इस परियोजना से जुड़े सभी विशेषज्ञों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि ऐसी उपलब्धियां नए भारत की तकनीकी शक्ति और सुरक्षा क्षमता का प्रतीक हैं।
मजबूत होगी देश की वायु सुरक्षा व्यवस्था
लंबी दूरी की स्वदेशी वायु रक्षा प्रणाली के विकास से भारत की सुरक्षा तैयारियों को मजबूती मिलेगी। यह उपलब्धि न केवल रक्षा क्षेत्र में आत्मनिर्भरता को बढ़ावा देगी, बल्कि भविष्य में देश की रणनीतिक जरूरतों को पूरा करने में भी अहम भूमिका निभाएगी।

