मंत्री तरुणप्रीत सिंह सोंद ने MGNREGA फंड को लेकर केंद्र पर निशाना साधा। उन्होंने पंजाब के साथ भेदभाव और राज्यों पर आर्थिक बोझ डालने का आरोप लगाया।
पंजाब के कैबिनेट मंत्री तरुणप्रीत सिंह सोंद ने मनरेगा (MGNREGA) योजना के फंड को लेकर केंद्र सरकार पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने कहा कि केंद्र की ओर से मजदूरों के लिए जारी किए जाने वाले फंड में देरी की जा रही है, लेकिन इसकी जिम्मेदारी राज्य सरकार पर डालने की कोशिश की जा रही है।
मंत्री सोंद ने कहा कि पंजाब सरकार ने बार-बार केंद्र को पत्र लिखकर मामले को उठाया, लेकिन इसके बावजूद केंद्र की ओर से कोई संतोषजनक जवाब नहीं दिया गया।
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केंद्र पर फंड रोकने का लगाया आरोप
तरुणप्रीत सिंह सोंद के अनुसार, मनरेगा मजदूरों के भुगतान के लिए केंद्र सरकार से मिलने वाली राशि समय पर जारी नहीं की जा रही है। उन्होंने दावा किया कि पंजाब सरकार को मजदूरों के हितों को देखते हुए अपने स्तर पर आर्थिक प्रबंधन करना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि केंद्र की नीतियों के कारण राज्यों पर अतिरिक्त वित्तीय दबाव बढ़ रहा है।
VIB-ग्रामजी योजना को लेकर भी सवाल
कैबिनेट मंत्री ने केंद्र की VIB-ग्रामजी योजना का जिक्र करते हुए कहा कि इसके माध्यम से राज्यों पर करीब 1000 करोड़ रुपये का अतिरिक्त बोझ डाला गया है। उन्होंने केंद्र सरकार से राज्यों के साथ समान व्यवहार करने की मांग की।
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पंजाब सरकार ने अपने स्तर पर किया भुगतान: सोंद
मंत्री तरुणप्रीत सिंह सोंद ने कहा कि पहली किस्त के दौरान पंजाब की भगवंत मान सरकार ने अपने संसाधनों से राशि उपलब्ध कराकर मजदूरों के वेतन का भुगतान किया और सितंबर तक की मजदूरी सुनिश्चित की। उन्होंने कहा कि पंजाब सरकार हमेशा गरीब मजदूरों और आम लोगों के हितों की रक्षा के लिए प्रतिबद्ध है।
भाजपा नेताओं से केंद्र का जवाब मांगने की अपील
तरुणप्रीत सिंह सोंद ने भाजपा नेताओं से सवाल किया कि पंजाब के साथ किए जा रहे कथित भेदभाव को लेकर वे केंद्र सरकार से जवाब मांगें। उन्होंने कहा कि राज्य के अधिकारों और जनता के हितों से जुड़े मुद्दों पर राजनीति के बजाय समाधान पर ध्यान देना चाहिए। उन्होंने दोहराया कि पंजाब सरकार मजदूरों और कमजोर वर्गों के कल्याण के लिए लगातार काम करती रहेगी।

