हरियाणा विधानसभा का बजट सत्र 2026-27 55 घंटे की चर्चा के साथ संपन्न, कई अहम विधेयक और प्रस्ताव सर्वसम्मति से पारित।
हरियाणा विधानसभा का बजट सत्र 2026-27 सफलतापूर्वक संपन्न हो गया। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने सत्र की समाप्ति के बाद जानकारी देते हुए बताया कि इस बार का सत्र 13 दिनों तक चला, जिसमें कुल 13 बैठकें आयोजित हुईं और करीब 55 घंटे तक सार्थक चर्चा हुई।
55 घंटे चली विस्तृत चर्चा
मुख्यमंत्री ने बताया कि सत्र की शुरुआत 20 फरवरी को राज्यपाल के अभिभाषण से हुई थी। 2 मार्च को प्रस्तुत बजट पर भी सदन में 10 घंटे से अधिक समय तक चर्चा हुई, जिसमें विपक्ष, सत्ता पक्ष और निर्दलीय सदस्यों ने अपने विचार रखे।
कई अहम प्रस्ताव सर्वसम्मति से पारित
सत्र के दौरान 3 महत्वपूर्ण प्रस्तावों को सर्वसम्मति से मंजूरी मिली, जिनमें शामिल हैं:
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आवासन बोर्ड को भंग करना
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सफाई कर्मचारी नियोजन एवं शुष्क शौचालय अधिनियम, 1993 का निरसन
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जीएसटी ढांचे में संशोधन
इसके अलावा ‘विकसित भारत जी-राम’ योजना पर भी चर्चा की गई।
8 विधेयकों पर चर्चा और पारित
सदन में कुल 8 प्रमुख विधेयकों पर चर्चा हुई, जिनमें विनियोग विधेयक, पुलिस संशोधन, राजकोषीय उत्तरदायित्व, नगरीय विकास और भूमि समेकन जैसे अहम बिल शामिल रहे।
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जनहित के मुद्दों पर मंथन
सत्र के दौरान कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा हुई, जैसे:
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धान व अन्य फसलों की खरीद
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गन्ने की घटती पैदावार
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आयुष्मान भारत योजना के तहत निजी अस्पतालों की सेवाएं
प्राकृतिक खेती पर विशेष व्याख्यान
सत्र के अंतिम दिन गुजरात के राज्यपाल आचार्य देवव्रत द्वारा प्राकृतिक खेती पर दिया गया व्याख्यान भी चर्चा का केंद्र रहा, जिसे मुख्यमंत्री ने उपयोगी बताया।
विपक्ष पर मुख्यमंत्री का निशाना
मुख्यमंत्री सैनी ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि विपक्ष की भूमिका निराशाजनक रही और उनके पास न तो स्पष्ट नीति थी और न ही दिशा। उन्होंने यह भी कहा कि कई बार विपक्ष सवाल उठाकर जवाब के समय सदन से बाहर चला गया।
राज्यसभा चुनाव पर भी बोले
मुख्यमंत्री ने राज्यसभा चुनाव को पूरी तरह लोकतांत्रिक प्रक्रिया बताया और कहा कि निर्दलीय उम्मीदवार को चुनाव लड़ने का पूरा अधिकार है। उन्होंने कांग्रेस और अन्य दलों पर राजनीतिक विरोधाभास के आरोप भी लगाए।
निष्कर्ष
हरियाणा का बजट सत्र 2026-27 कई अहम फैसलों और विस्तृत चर्चा के साथ संपन्न हुआ। सरकार ने इसे जनहित में प्रभावी और परिणामकारी बताते हुए भविष्य के विकास के लिए महत्वपूर्ण कदम बताया।

