अंबिकापुर, सरगुजा।
छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा अंबिकापुर में आयोजित जनजातीय गौरव दिवस समारोह में आज भारत की राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने अपनी गरिमामयी उपस्थिति दर्ज कराई। कार्यक्रम में उन्होंने जनजातीय समुदायों के अमूल्य योगदान और देश के विकास में उनकी महत्वपूर्ण भूमिका को रेखांकित किया।
अपने संबोधन में राष्ट्रपति मुर्मु ने कहा कि भारत के इतिहास में जनजातीय समाज का योगदान एक गौरवशाली अध्याय है, जिसमें वीरता, संघर्ष और राष्ट्रनिर्माण की प्रेरणादायक कहानियाँ समाहित हैं। उन्होंने यह भी कहा कि जनजातीय समुदायों के सामाजिक, आर्थिक और शैक्षणिक विकास को भारत सरकार सर्वोच्च प्राथमिकता देती है।
राष्ट्रपति ने बताया कि केंद्र सरकार द्वारा जनजातीय कल्याण के लिए कई राष्ट्रीय स्तर की योजनाएँ चलाई जा रही हैं, जो शिक्षा, स्वास्थ्य, आजीविका, कौशल विकास और सामाजिक सशक्तिकरण पर केंद्रित हैं। इन योजनाओं का उद्देश्य जनजातीय क्षेत्रों में विकास की गति को तेज करना और समुदायों को मुख्यधारा से और अधिक मजबूती से जोड़ना है।
समारोह के दौरान छत्तीसगढ़ के जनजातीय समाज के पारंपरिक नृत्य, संस्कृति और कला की आकर्षक झलक भी देखने को मिली।
राष्ट्रपति के संबोधन से कार्यक्रम में उपस्थित जनजातीय समुदायों, जनप्रतिनिधियों और स्थानीय लोगों में उत्साह और गर्व की भावना झलकती रही।
President Droupadi Murmu graced the Janjatiya Gaurav Diwas celebration, organised by the Government of Chhattisgarh, at Ambikapur, Surguja. The President stated that the contribution of tribal communities is a glorious chapter in the history of India. She said that the… pic.twitter.com/uu8AHX0qNV
— President of India (@rashtrapatibhvn) November 20, 2025


