हरियाणा की स्वास्थ्य मंत्री आरती सिंह राव ने कहा कि SIHFW पंचकूला द्वारा आयोजित प्रशिक्षण कार्यक्रमों से डॉक्टरों और स्वास्थ्य कर्मियों की क्षमता बढ़ रही है और राज्य की स्वास्थ्य सेवाएं मजबूत हो रही हैं।
हरियाणा की स्वास्थ्य मंत्री आरती सिंह राव ने कहा कि स्टेट इंस्टीट्यूट ऑफ हेल्थ एंड फैमिली वेलफेयर (SIHFW), पंचकूला राज्य की स्वास्थ्य सेवाओं को सशक्त बनाने में अहम भूमिका निभा रहा है। संस्थान द्वारा डॉक्टरों, नर्सों और अन्य स्वास्थ्य कर्मियों के लिए नियमित रूप से प्रशिक्षण और क्षमता निर्माण कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं।
स्वास्थ्य मंत्री ने बताया कि इन प्रशिक्षण कार्यक्रमों में प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (PHC), सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) और जिला नागरिक अस्पतालों के स्वास्थ्य कर्मी भाग लेते हैं। इसके अलावा जिलों में भी SIHFW की निगरानी में प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं।
चार जोनल स्किल लैब स्थापित
स्वास्थ्य कर्मियों को कौशल आधारित प्रशिक्षण और व्यावहारिक अनुभव प्रदान करने के लिए राज्य में चार जोनल स्किल लैब स्थापित किए गए हैं।
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रोहतक स्किल लैब: रोहतक, झज्जर, सोनीपत, पानीपत और करनाल
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भिवानी स्किल लैब: भिवानी, चरखी दादरी, हिसार, जींद, फतेहाबाद और सिरसा
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पंचकूला स्किल लैब: पंचकूला, अंबाला, यमुनानगर, कुरुक्षेत्र और कैथल
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फरीदाबाद स्किल लैब: फरीदाबाद, महेंद्रगढ़ (नारनौल), रेवाड़ी, नूंह, पलवल और गुरुग्राम
सतत विकास लक्ष्यों को हासिल करने का लक्ष्य
मंत्री ने बताया कि इन कार्यक्रमों का उद्देश्य संयुक्त राष्ट्र के सतत विकास लक्ष्य-3 (SDG-3) को प्राप्त करना है। इसके तहत वर्ष 2030 तक
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मातृ मृत्यु दर को 70 प्रति लाख जीवित जन्म,
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नवजात मृत्यु दर को 12 प्रति हजार जीवित जन्म,
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और पांच वर्ष से कम आयु के बच्चों की मृत्यु दर को 25 प्रति हजार जीवित जन्म तक लाने का लक्ष्य रखा गया है।
हजारों स्वास्थ्य कर्मियों को मिला प्रशिक्षण
स्वास्थ्य विभाग के प्रवक्ता के अनुसार इस वर्ष SIHFW पंचकूला द्वारा 1211 स्वास्थ्य कर्मियों को प्रशिक्षण दिया गया, जबकि जिला स्तर पर 5220 स्वास्थ्य कर्मियों को प्रशिक्षित किया गया। इसके अलावा विभिन्न विषयों पर 5 कंटीन्यूइंग मेडिकल एजुकेशन (CME) कार्यक्रम आयोजित किए गए।
इन कार्यक्रमों में पीडियाट्रिक इमरजेंसी, मैटरनल हेल्थ, ट्रॉमा लाइफ सपोर्ट, बर्न मैनेजमेंट और न्यूरो क्रिटिकल इमरजेंसी जैसे विषय शामिल रहे।
ऑनलाइन प्रशिक्षण और इंडक्शन कार्यक्रम
स्वास्थ्य जागरूकता बढ़ाने के लिए इस वर्ष 18 ऑनलाइन प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किए गए, जिनमें 2441 स्वास्थ्य कर्मियों ने भाग लिया। फिलहाल 34 नर्सिंग अधिकारियों और 21 चिकित्सा अधिकारियों के लिए प्रशिक्षण कार्यक्रम जारी हैं।
आपातकालीन सेवाओं पर विशेष ध्यान
स्वास्थ्य कर्मियों की दक्षता बढ़ाने के लिए एक्सीडेंट एंड इमरजेंसी केयर सर्विसेज प्रशिक्षण और बेसिक लाइफ सपोर्ट (BLS) कोर्स भी नियमित रूप से आयोजित किए जाते हैं। इससे डॉक्टरों और स्वास्थ्य कर्मियों को ट्रॉमा और हृदय संबंधी आपात स्थितियों से प्रभावी ढंग से निपटने की क्षमता मिलती है।
आरती सिंह राव ने कहा कि इन व्यापक प्रशिक्षण कार्यक्रमों के माध्यम से SIHFW पंचकूला राज्य के स्वास्थ्य कर्मियों की क्षमता को लगातार मजबूत कर रहा है, जिससे हरियाणा में बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं और मजबूत सार्वजनिक स्वास्थ्य प्रणाली सुनिश्चित हो रही है।

