प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पीएम गरीब कल्याण योजना के 12 साल पूरे होने पर इसकी उपलब्धियों की सराहना की और DBT, स्वच्छ भारत, पीएम आवास जैसी योजनाओं के असर को बताया।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोमवार को प्रधानमंत्री गरीब कल्याण योजना (PMGKY) के 12 वर्ष पूरे होने पर इसकी उपलब्धियों की सराहना की। उन्होंने कहा कि इस अवधि में सरकार द्वारा शुरू की गई विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं ने देश के गरीब और वंचित वर्ग के जीवन में बड़े सकारात्मक परिवर्तन लाए हैं।
प्रधानमंत्री ने अपने संदेश में कहा कि सरकार का मुख्य उद्देश्य हमेशा से “अंत्योदय” रहा है, यानी अंतिम पंक्ति में खड़े व्यक्ति तक विकास का लाभ पहुंचाना। उन्होंने बताया कि जन धन योजना, प्रत्यक्ष लाभ हस्तांतरण (DBT), स्वच्छ भारत अभियान, पीएम आवास योजना, जल जीवन मिशन और आयुष्मान भारत जैसी योजनाओं ने आम लोगों को सम्मान और बेहतर जीवन देने में अहम भूमिका निभाई है।
तकनीक से पारदर्शिता और भ्रष्टाचार में कमी
पीएम मोदी ने डिजिटल तकनीक की भूमिका पर भी जोर दिया। उन्होंने कहा कि सरकारी योजनाओं में तकनीक के उपयोग से लाभ सीधे लाभार्थियों के बैंक खातों तक पहुंच रहे हैं, जिससे पारदर्शिता बढ़ी है और भ्रष्टाचार में काफी कमी आई है।
उन्होंने आगे कहा कि DBT प्रणाली ने सरकारी योजनाओं के वितरण को अधिक प्रभावी और तेज बनाया है, जिससे लाभार्थियों को समय पर सहायता मिल रही है। यह व्यवस्था 1 जनवरी 2013 को लागू की गई थी, जिसका उद्देश्य सरकारी लाभों के वितरण को सरल और पारदर्शी बनाना था।
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ग्रामीण गरीबी में बड़ी गिरावट
प्रेस सूचना ब्यूरो (PIB) के अनुसार, भारत में ग्रामीण गरीबी दर 2012 में लगभग 26 प्रतिशत थी, जो 2024 में घटकर 5 प्रतिशत से भी कम हो गई है। यह बदलाव देश में पिछले एक दशक में हुए सबसे बड़े सामाजिक-आर्थिक परिवर्तनों में से एक माना जा रहा है। सरकारी आंकड़ों के अनुसार, लाखों ग्रामीण परिवारों को गरीबी रेखा से बाहर लाने में इन योजनाओं ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।
गरीब कल्याण योजनाओं का व्यापक प्रभाव
सरकार का कहना है कि विभिन्न योजनाओं का उद्देश्य सिर्फ आर्थिक सहायता देना नहीं, बल्कि लोगों को आत्मनिर्भर और सशक्त बनाना भी है। इन योजनाओं के माध्यम से गरीबों को आवास, स्वच्छ पानी, स्वास्थ्य सेवाएं और वित्तीय समावेशन जैसी सुविधाएं मिल रही हैं।
प्रधानमंत्री ने इसे “विकसित भारत” की दिशा में एक सामूहिक आंदोलन बताया और कहा कि आने वाले समय में सरकार का फोकस और अधिक समावेशी विकास पर रहेगा।

