हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने आज नीव पोर्टल का शुभारंभ करने के पश्चात कहा कि इस पोर्टल का मूल उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति–2020 के प्रत्येक प्रावधान का वास्तविक, निष्पक्ष और सतत मूल्यांकन किया जा सके। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि शिक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए केवल नीतियां बनाना पर्याप्त नहीं है, बल्कि उनके प्रभावी क्रियान्वयन की निरंतर निगरानी भी उतनी ही आवश्यक है।
मुख्यमंत्री ने बताया कि नीव पोर्टल एक आधुनिक और तकनीक-आधारित प्लेटफॉर्म है, जो रियल-टाइम डेटा, प्रदर्शन संकेतकों (Performance Indicators) और भविष्यसूचक विश्लेषण (Predictive Analytics) के माध्यम से शिक्षा प्रणाली की निरंतर निगरानी करता है। इसके जरिए यह स्पष्ट रूप से देखा जा सकेगा कि कौन-सी शैक्षणिक संस्थाएं राष्ट्रीय शिक्षा नीति के अनुरूप प्रगति कर रही हैं और किन संस्थानों में सुधार की आवश्यकता है।
उन्होंने कहा कि अब निर्णय अनुमान या अपूर्ण आंकड़ों के आधार पर नहीं, बल्कि प्रमाणिक और अद्यतन डेटा के आधार पर लिए जाएंगे। इससे नीति निर्माण, संसाधन आवंटन और सुधारात्मक कदमों को अधिक प्रभावी और परिणामोन्मुख बनाया जा सकेगा। मुख्यमंत्री के अनुसार, यह पोर्टल पारदर्शिता और जवाबदेही को बढ़ावा देगा तथा शिक्षा व्यवस्था में गुणवत्ता सुनिश्चित करने का एक सशक्त माध्यम बनेगा।
मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने जानकारी दी कि पहले चरण में नीव पोर्टल को राज्य के सभी विश्वविद्यालयों में लागू किया जा रहा है। इसके पश्चात इसे महाविद्यालयों तक विस्तारित किया जाएगा और आगे चलकर स्कूलों एवं अन्य शैक्षणिक संस्थानों को भी इस प्लेटफॉर्म से जोड़ा जाएगा। इस क्रमबद्ध विस्तार से शिक्षा प्रणाली में एकरूपता, गुणवत्ता और राष्ट्रीय शिक्षा नीति–2020 के प्रति तत्परता सुनिश्चित होगी।
उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालयों से अपेक्षा की गई है कि वे अपने शैक्षणिक, प्रशासनिक और शोध से संबंधित समस्त डेटा समय पर और सही रूप में पोर्टल पर अपलोड करें। इससे न केवल संस्थानों की वास्तविक स्थिति सामने आएगी, बल्कि उन्हें स्वयं अपनी कमजोरियों और संभावनाओं का आकलन करने में भी सहायता मिलेगी।
शिक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि नीव पोर्टल हरियाणा की शिक्षा व्यवस्था को एक नई दिशा देगा। डेटा-आधारित मूल्यांकन से शिक्षण की गुणवत्ता, शोध की स्थिति, नवाचार और छात्रों के समग्र विकास पर विशेष ध्यान दिया जा सकेगा। साथ ही, यह पोर्टल राज्य को शिक्षा के क्षेत्र में राष्ट्रीय स्तर पर एक अग्रणी मॉडल के रूप में स्थापित करने में भी मदद करेगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि हरियाणा सरकार शिक्षा को राज्य के समग्र विकास की नींव मानती है। नीव पोर्टल इसी सोच का विस्तार है, जो आने वाले वर्षों में शिक्षा प्रणाली को अधिक सुदृढ़, आधुनिक और परिणामोन्मुख बनाएगा। कुल मिलाकर, नीव पोर्टल का शुभारंभ हरियाणा के शैक्षणिक इतिहास में एक महत्वपूर्ण और दूरदर्शी कदम माना जा रहा है, जो शिक्षा सुधार की दिशा में मील का पत्थर साबित होगा।

