हरियाणा सरकार ने अनुबंध कर्मचारियों को दी राहत, आवेदन सत्यापन की अवधि बढ़ाई
15 मई तक होगा सत्यापन
संशोधित कार्यक्रम के तहत संबंधित डीडीओ अब कर्मचारियों के विभागीय रिकॉर्ड और सेवा विवरण की जांच कर 15 मई 2026 तक सभी लंबित आवेदनों का सत्यापन करेंगे।
इसके बाद वित्त विभाग पात्र कर्मचारियों के लिए सुपरन्यूमरेरी पदों का सृजन करेगा। सरकार का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि पात्र अनुबंध कर्मचारियों को सेवा सुरक्षा का लाभ बिना किसी देरी के मिल सके।
15 जून तक जारी होंगे ऑफर लेटर
सरकारी निर्देशों के अनुसार संबंधित विभागाध्यक्ष पात्र कर्मचारियों को सेवा सुरक्षा प्रदान करते हुए 15 जून 2026 तक पोर्टल पर अंतिम स्वीकृति देंगे और ऑफर लेटर जारी करेंगे।
इस प्रक्रिया के पूरा होने के बाद पात्र अनुबंध कर्मचारियों को अधिक स्थिरता और नौकरी सुरक्षा मिलने का रास्ता साफ होगा। माना जा रहा है कि यह कदम लंबे समय से सेवा सुरक्षा की मांग कर रहे कर्मचारियों के लिए महत्वपूर्ण साबित हो सकता है।
विभागों को दिए गए सख्त निर्देश
राज्य सरकार ने सभी विभागों और संबंधित अधिकारियों को निर्देश जारी करते हुए कहा है कि आदेशों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित किया जाए। सरकार चाहती है कि निर्धारित समय-सीमा के भीतर सत्यापन और स्वीकृति प्रक्रिया पूरी हो जाए ताकि कर्मचारियों को समय पर लाभ मिल सके।
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कर्मचारियों के लिए क्यों महत्वपूर्ण है यह फैसला?
विशेषज्ञों का मानना है कि हरियाणा अनुबंध कर्मचारी (सेवा सुरक्षा) अधिनियम, 2024 राज्य के हजारों अनुबंध कर्मचारियों के लिए महत्वपूर्ण कदम है। इससे लंबे समय से कार्यरत कर्मचारियों को नौकरी में स्थिरता और भविष्य को लेकर भरोसा मिलेगा।
सरकार का यह फैसला ऐसे समय आया है जब विभिन्न विभागों में अनुबंध कर्मचारियों की भूमिका लगातार बढ़ रही है। समय-सीमा बढ़ने से अब विभागों को आवेदन प्रक्रिया को अधिक व्यवस्थित तरीके से पूरा करने का अवसर मिलेगा।
पारदर्शिता और डिजिटल प्रक्रिया पर जोर
हरियाणा सरकार ने पूरी प्रक्रिया को ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से संचालित करने पर जोर दिया है ताकि पारदर्शिता बनी रहे और कर्मचारी अपने आवेदन की स्थिति आसानी से देख सकें।
सरकार का कहना है कि सेवा सुरक्षा से जुड़ी यह प्रक्रिया कर्मचारियों के हितों की रक्षा करने और प्रशासनिक कार्यप्रणाली को अधिक प्रभावी बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।

