पंजाब उद्योग नीति 2026 लागू, SPB कमेटी गठन, PSIEC प्लॉट नियम आसान और उद्योगों को 18 सेवाओं में राहत।
पंजाब में औद्योगिक विकास को नई रफ्तार देने के लिए मान सरकार ने पंजाब उद्योग नीति 2026 लागू कर दी है। इस नई नीति के तहत उद्योगपतियों को बड़ी राहत देते हुए जटिल प्रक्रियाओं को सरल बनाया गया है, जिससे राज्य में व्यापार करना और आसान होगा।
कैबिनेट मंत्री संजीव अरोड़ा ने इस नीति की घोषणा करते हुए कहा कि सरकार का मुख्य उद्देश्य Ease of Doing Business को बढ़ावा देना और निवेशकों के लिए अनुकूल वातावरण तैयार करना है।
SPB समिति का गठन
नई नीति के तहत Special Purpose Board (SPB) का गठन किया जाएगा।
- समिति में 7 सदस्य उद्योग जगत से होंगे
- 1-2 सदस्य सरकारी प्रतिनिधि होंगे
- उद्योगों से जुड़े मुद्दों और चुनौतियों का समाधान किया जाएगा
यह समिति उद्योगों और सरकार के बीच बेहतर तालमेल स्थापित करेगी और निर्णय प्रक्रिया को तेज बनाएगी।
PSIEC प्लॉट धारकों को बड़ी राहत
पंजाब उद्योग नीति 2026 के तहत PSIEC प्लॉट धारकों को कई महत्वपूर्ण सुविधाएं दी गई हैं:
- लीजहोल्ड प्लॉट को फ्रीहोल्ड में बदलने की आसान प्रक्रिया
- ट्रांसफर और रजिस्ट्रेशन शुल्क में राहत
- केवल 5% आरक्षित मूल्य जमा कर योजना का लाभ
इससे उद्योगपतियों के लिए संपत्ति से जुड़ी जटिलताएं काफी कम होंगी।
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18 अनिवार्य सेवाओं में विकल्प
नई नीति के तहत उद्योगों को 18 अनिवार्य सेवाओं में से अपनी जरूरत के अनुसार सेवाएं चुनने का विकल्प दिया गया है। इससे उद्योग संचालन में लचीलापन बढ़ेगा और लागत भी कम होगी।
निवेश और रोजगार को मिलेगा बढ़ावा
सरकार का मानना है कि इस नीति से:
- राज्य में नए निवेश को बढ़ावा मिलेगा
- युवाओं के लिए रोजगार के अवसर बढ़ेंगे
- औद्योगिक विकास को नई दिशा मिलेगी
उद्योग जगत ने की सराहना
उद्योगपतियों ने इस नीति का स्वागत करते हुए कहा कि इससे लालफीताशाही कम होगी और पंजाब देश के औद्योगिक मानचित्र पर मजबूत स्थिति बनाएगा।
निष्कर्ष
पंजाब उद्योग नीति 2026 को राज्य में औद्योगिक क्रांति की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है, जो निवेश, रोजगार और व्यापारिक सुगमता को नई ऊंचाइयों तक ले जा सकता है।

