नई दिल्ली में अंतरराष्ट्रीय दिव्यांगजन दिवस के अवसर पर वर्ष 2025 के लिए दिव्यांगजन सशक्तिकरण हेतु राष्ट्रीय पुरस्कार राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु द्वारा प्रदान किए गए। इस अवसर पर राष्ट्रपति ने विभिन्न श्रेणियों में उत्कृष्ट कार्य करने वाले व्यक्तियों, संस्थाओं और संगठनों को सम्मानित किया।
समारोह को संबोधित करते हुए राष्ट्रपति मुर्मु ने दिव्यांगजन के प्रति अधिकार-आधारित दृष्टिकोण (rights-based approach) को और आगे बढ़ाने की आवश्यकता पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि दिव्यांगजन के साथ समाज को समान भागीदार (equal partners) के रूप में जुड़ना चाहिए, न कि केवल सहायता या दान की दृष्टि से।
राष्ट्रपति ने स्पष्ट रूप से कहा कि दिव्यांगजन के प्रति हमारे प्रयासों का आधार “सम्मान” होना चाहिए, “charity” नहीं। उन्होंने इस बात पर बल दिया कि जब समाज उन्हें सम्मान, अवसर और समान भागीदारी देता है, तभी वास्तविक समावेशन (inclusion) संभव हो पाता है।
उन्होंने केंद्र सरकार द्वारा दिव्यांगजन के हित में बनाए गए कानूनों, नीतियों और विभिन्न कार्यकारी कदमों की सराहना की, जिनका उद्देश्य उनके जीवन को सुरक्षित, सहज और सम्मानजनक बनाना है।
कार्यक्रम के दौरान सम्मानित व्यक्तियों और संस्थाओं के कार्यों को उदाहरण के रूप में प्रस्तुत किया गया, ताकि देशभर में दिव्यांगजन सशक्तिकरण की दिशा में और अधिक प्रेरणा और जागरूकता फैल सके।
राष्ट्रपति ने उम्मीद जताई कि समाज के सभी वर्ग, सरकार के साथ कदम से कदम मिलाकर चलेंगे और दिव्यांगजन को शिक्षा, रोजगार, तकनीक, स्वास्थ्य और सार्वजनिक सुविधाओं तक बेहतर और समान पहुंच दिलाने में सक्रिय भूमिका निभाएंगे।
President Droupadi Murmu presented the National Awards for the Empowerment of Persons with Disabilities for the year 2025 in New Delhi on the occasion of the International Day of Persons with Disabilities. The President highlighted the need for going further ahead on rights-based… pic.twitter.com/bYHM4YeEto
— President of India (@rashtrapatibhvn) December 3, 2025


