उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने केंद्रीय बजट 2026-27 को राज्य के लिए ऐतिहासिक अवसर बताते हुए कहा है कि इसके तहत उत्तराखंड में करीब 40,000 करोड़ रुपये के विकास कार्य प्रारंभ होंगे। सोमवार को आयोजित पत्रकारवार्ता में मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि यह बजट राज्य में पर्यावरण संरक्षण, पर्यटन विस्तार और स्थानीय उद्योगों के सशक्तिकरण के बीच संतुलन स्थापित करता है।
सीएम धामी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का देवभूमि उत्तराखंड से विशेष लगाव रहा है और यही कारण है कि बजट में पहाड़ी राज्यों की आवश्यकताओं को प्राथमिकता दी गई है। उन्होंने इसे “विकसित भारत” के संकल्प की दिशा में उत्तराखंड की भूमिका को मजबूत करने वाला बजट बताया।
मुख्यमंत्री के अनुसार, बजट 2026-27 से राज्य को 16वें वित्त आयोग के माध्यम से अतिरिक्त 1,800 करोड़ रुपये भी प्राप्त होंगे, जिससे बुनियादी ढांचे, सड़कों, स्वास्थ्य और शिक्षा जैसे क्षेत्रों में निवेश को और गति मिलेगी। उन्होंने कहा कि यह राशि पर्वतीय क्षेत्रों में विकास की रफ्तार बढ़ाने में सहायक होगी, जहां संसाधनों और पहुंच की चुनौतियां अधिक रहती हैं।
पर्यटन को मिलेगा नया विस्तार
सीएम धामी ने बताया कि बजट में प्रस्तावित पर्वतीय ट्रैकिंग ट्रेल्स के विकास से राज्य में साहसिक और इको-टूरिज्म को बढ़ावा मिलेगा। इससे स्थानीय युवाओं के लिए गाइडिंग, हॉस्पिटैलिटी और पर्यटन सेवाओं में कौशल विकास तथा रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड की प्राकृतिक सुंदरता को संरक्षित रखते हुए पर्यटन को बढ़ाना सरकार की प्राथमिकता है।
स्थानीय कृषि और उद्योग होंगे मजबूत
मुख्यमंत्री ने कहा कि बजट में बादाम, अखरोट जैसी स्थानीय फसलों के उत्पादन और प्रसंस्करण को बढ़ावा देने के प्रावधान हैं, जिससे कृषि आधारित उद्योगों को मजबूती मिलेगी। इससे पहाड़ी इलाकों में किसानों की आय बढ़ेगी और स्थानीय वैल्यू चेन विकसित होगी। सरकार का फोकस स्थानीय उद्योगों को पुनर्जीवित कर रोजगार सृजन पर है, ताकि पलायन की समस्या को प्रभावी ढंग से रोका जा सके।
स्वास्थ्य और आयुष सेवाओं पर जोर
सीएम धामी ने यह भी बताया कि राज्य सरकार केंद्र से आयुष एम्स (All India Institute of Ayurveda & Medical Services) की स्थापना के लिए विशेष निवेदन करेगी। इससे उत्तराखंड में आयुष और आधुनिक स्वास्थ्य सेवाओं का एकीकृत ढांचा विकसित होगा और राज्य चिकित्सा पर्यटन के नए केंद्र के रूप में उभरेगा।
पर्यावरण संरक्षण के साथ विकास
मुख्यमंत्री ने दोहराया कि बजट में विकास कार्यों को पर्यावरण संरक्षण के साथ जोड़कर देखा गया है। हरित परियोजनाएं, टिकाऊ पर्यटन और स्थानीय संसाधनों के संरक्षण पर विशेष ध्यान दिया जाएगा, ताकि विकास दीर्घकालिक और संतुलित रहे।
अंत में सीएम धामी ने कहा कि केंद्रीय बजट 2026-27 उत्तराखंड के लिए समावेशी विकास का रोडमैप प्रस्तुत करता है। इससे राज्य की अर्थव्यवस्था को नई मजबूती मिलेगी, युवाओं को अवसर मिलेंगे और देवभूमि उत्तराखंड विकसित भारत की यात्रा में सशक्त भागीदार बनेगा।


