Obesity Control Tips: मोटापा कम करने के लिए जीवनशैली में छोटे-छोटे बदलाव अपनाएं। संतुलित आहार, नियमित व्यायाम, पर्याप्त नींद और तनाव नियंत्रण से वजन घटाएं और स्वस्थ जीवन पाएं। जानें आसान और प्रभावी टिप्स।
Obesity Control Tips: आज के समय में मोटापा सिर्फ एक शारीरिक समस्या नहीं, बल्कि एक वैश्विक स्वास्थ्य चुनौती बन चुका है, जिससे भारत समेत दुनिया भर के लाखों लोग प्रभावित हैं। मोटापा न केवल शरीर के वजन को बढ़ाता है, बल्कि डायबिटीज, हार्ट डिजीज, हाई ब्लड प्रेशर और जोड़ों के दर्द जैसी गंभीर बीमारियों का भी कारण बनता है। वजन कम करने के लिए अक्सर लोग कठोर डाइट या भारी एक्सरसाइज अपनाते हैं, लेकिन ये उपाय लंबे समय तक टिकाऊ नहीं रहते और वजन वापस बढ़ जाता है।
विशेषज्ञों की सलाह है कि मोटापा कम करने के लिए जीवनशैली में छोटे-छोटे बदलाव करें, जो स्थायी और असरदार साबित होते हैं। आइए जानें मोटापा कम करने के लिए किन सरल आदतों को अपनी दिनचर्या में शामिल करना चाहिए:
1. संतुलित और पोषक आहार का चयन करें
मोटापा कम करने के लिए सबसे पहले आहार पर ध्यान देना जरूरी है। जंक फूड, तैलीय और मीठे पदार्थों से बचें। इसके बजाय फाइबर से भरपूर साबुत अनाज, ताजी हरी सब्जियां, फल और दालें अपनी डाइट में शामिल करें। भोजन को दिन में 5-6 छोटे हिस्सों में लें ताकि भूख नियंत्रित रहे। साथ ही, रोजाना कम से कम 2-3 लीटर पानी पिएं ताकि डिहाइड्रेशन न हो और ओवरईटिंग से बचा जा सके। भोजन को धीरे-धीरे और अच्छी तरह चबाकर खाएं, जिससे पाचन भी सही रहता है।
2. नियमित शारीरिक गतिविधि और व्यायाम
शारीरिक गतिविधि मोटापा कम करने के लिए बेहद जरूरी है। रोजाना कम से कम 30 मिनट ब्रिस्क वॉकिंग, साइकिलिंग, योग या डांस करें। घर के छोटे काम, सीढ़ियां चढ़ना भी कैलोरी बर्न करने में मदद करते हैं। साथ ही, सप्ताह में 3-4 बार हल्की स्ट्रेंथ ट्रेनिंग मसल्स को मजबूत करती है और मेटाबॉलिज्म बढ़ाती है। लंबे समय तक बैठने से बचें और एक्टिव रहें।
3. पर्याप्त नींद और तनाव नियंत्रण
नींद की कमी और तनाव मोटापे को बढ़ाते हैं क्योंकि ये कोर्टिसोल हार्मोन को बढ़ाकर भूख को बढ़ावा देते हैं। रोजाना 7-8 घंटे की अच्छी नींद लेना जरूरी है। तनाव कम करने के लिए मेडिटेशन, गहरी सांस लेने की तकनीक और माइंडफुलनेस अपनाएं। स्क्रीन टाइम कम करें क्योंकि यह नींद और मानसिक स्वास्थ्य पर असर डालता है। तनाव मुक्त रहने से इमोशनल ईटिंग यानी भावनात्मक खाने की आदत भी कम होती है।
4. अन्य जरूरी बातें
क्रैश डाइटिंग और अत्यधिक कठोर डाइट से बचें, क्योंकि ये आपके स्वास्थ्य को नुकसान पहुंचा सकते हैं।
अपने लिए व्यक्तिगत आहार योजना बनाने हेतु डायटीशियन की सलाह जरूर लें।
धूम्रपान और शराब का सेवन बिल्कुल बंद करें।
यदि वजन बढ़ने के साथ थकान, सांस फूलना या जोड़ों में दर्द हो तो तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें।


