हरियाणा के मुख्यमंत्री श्री नायब सैनी ने आज दिल्ली की मुख्यमंत्री श्रीमती रेखा गुप्ता से उनके निवास स्थान मुख्यमंत्री जनसेवा सदन, दिल्ली में शिष्टाचार भेंट की। इस महत्वपूर्ण बैठक के दौरान हरियाणा और दिल्ली के बीच साझा विकास, आपसी समन्वय तथा जनकल्याण से जुड़े विभिन्न विषयों पर विस्तार से चर्चा की गई। दोनों मुख्यमंत्रियों ने क्षेत्रीय विकास को गति देने और जनता को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए मिलकर कार्य करने की प्रतिबद्धता जताई।
बैठक के दौरान मुख्यमंत्री नायब सैनी ने कहा कि हरियाणा और दिल्ली का सामाजिक, आर्थिक और भौगोलिक रूप से गहरा संबंध है। दोनों राज्यों की आबादी, रोजगार, परिवहन, स्वास्थ्य, शिक्षा और पर्यावरण जैसे कई मुद्दे एक-दूसरे से सीधे जुड़े हुए हैं। ऐसे में आपसी सहयोग और समन्वय से ही इन साझा चुनौतियों का प्रभावी समाधान संभव है। उन्होंने विश्वास जताया कि केंद्र और राज्य सरकारों के सहयोग से दोनों राज्यों के नागरिकों को अधिक सुविधाएं और बेहतर जीवन स्तर उपलब्ध कराया जा सकेगा।
दिल्ली की मुख्यमंत्री श्रीमती रेखा गुप्ता ने भी इस अवसर पर हरियाणा के साथ सहयोग को मजबूत करने की आवश्यकता पर बल दिया। उन्होंने कहा कि राजधानी दिल्ली और हरियाणा के बीच समन्वित प्रयासों से परिवहन व्यवस्था, प्रदूषण नियंत्रण, जल प्रबंधन और आधारभूत ढांचे के विकास जैसे विषयों पर ठोस प्रगति की जा सकती है। उन्होंने यह भी कहा कि दोनों राज्यों के बीच नियमित संवाद और साझा योजनाओं से जनहित के कार्यों को नई दिशा मिलेगी।
बैठक में विशेष रूप से क्षेत्रीय संपर्क को बेहतर बनाने, सड़क और परिवहन नेटवर्क को सुदृढ़ करने, औद्योगिक विकास, रोजगार सृजन और पर्यावरण संरक्षण जैसे मुद्दों पर विचार-विमर्श किया गया। इसके साथ ही स्वास्थ्य सेवाओं, शिक्षा और नागरिक सुविधाओं को और अधिक प्रभावी बनाने पर भी चर्चा हुई। दोनों मुख्यमंत्रियों ने माना कि दिल्ली-एनसीआर क्षेत्र में तेजी से बढ़ती आबादी को देखते हुए योजनाबद्ध विकास अत्यंत आवश्यक है।
मुख्यमंत्री नायब सैनी ने कहा कि हरियाणा सरकार दिल्ली सरकार के साथ मिलकर जनकल्याणकारी योजनाओं को आगे बढ़ाने के लिए पूरी तरह तैयार है। उन्होंने यह भी कहा कि साझा प्रयासों से न केवल दोनों राज्यों का विकास होगा, बल्कि पूरे एनसीआर क्षेत्र को भी इसका लाभ मिलेगा। मुख्यमंत्री ने आपसी समन्वय को मजबूत करने के लिए भविष्य में भी इस तरह की बैठकों को जारी रखने की आवश्यकता जताई।
इस अवसर पर दोनों मुख्यमंत्रियों ने एक-दूसरे को शुभकामनाएं देते हुए सकारात्मक और सहयोगात्मक संबंधों को और प्रगाढ़ करने पर सहमति व्यक्त की। बैठक को सौहार्दपूर्ण और सार्थक बताया गया, जिससे यह स्पष्ट संकेत मिलता है कि हरियाणा और दिल्ली सरकारें मिलकर विकास और जनकल्याण के लक्ष्यों को प्राप्त करने की दिशा में निरंतर आगे बढ़ेंगी।


