मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि डंकी रूट से युवाओं को विदेश भेजने वाले एजेंटों पर सख्त कार्रवाई जारी है और ट्रैवल एजेंट्स को रेगुलेट करने के लिए नया कानून लागू किया गया है।
हरियाणा में डंकी रूट के जरिए युवाओं को अवैध तरीके से विदेश भेजने वाले एजेंटों के खिलाफ सरकार ने सख्त रुख अपनाया है। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने स्पष्ट किया कि विदेश भेजने के नाम पर की जा रही धोखाधड़ी को किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि कई मामलों में युवाओं को बड़े-बड़े सपने दिखाकर अवैध रास्तों से विदेश भेजा जाता है, जिससे न केवल उनकी जान जोखिम में पड़ती है बल्कि परिवारों की मेहनत की कमाई भी ठगी का शिकार हो जाती है।
⚖️ ट्रैवल एजेंट्स को रेगुलेट करने के लिए कानून
राज्य सरकार ने ट्रैवल एजेंट्स को नियंत्रित करने और पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए विशेष कानून बनाया है। इसके तहत:
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एजेंट्स का पंजीकरण अनिवार्य किया गया है
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लाइसेंस प्रणाली को सख्त बनाया गया है
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नियमों का उल्लंघन करने वालों पर कड़ी दंडात्मक कार्रवाई का प्रावधान है
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धोखाधड़ी मामलों में आपराधिक मुकदमा दर्ज किया जाएगा
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🚨 सख्त निगरानी और कार्रवाई
सरकार ने पुलिस और संबंधित विभागों को निर्देश दिए हैं कि अवैध एजेंटों के खिलाफ अभियान चलाकर कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। युवाओं और उनके परिजनों को भी जागरूक किया जा रहा है कि वे केवल अधिकृत और लाइसेंसधारी एजेंटों के माध्यम से ही विदेश जाने की प्रक्रिया पूरी करें।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार का उद्देश्य युवाओं के भविष्य को सुरक्षित करना है। उन्होंने अपील की कि किसी भी संदिग्ध गतिविधि की जानकारी तुरंत प्रशासन को दें, ताकि समय रहते कार्रवाई की जा सके।
सरकार का स्पष्ट संदेश है—हरियाणा के युवाओं के सपनों से खिलवाड़ करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा और कानून के तहत कठोर कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।

