हरियाणा को स्वच्छ वायु देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल हुई है। वर्ल्ड बैंक ने हरियाणा स्वच्छ वायु परियोजना फॉर सस्टेनेबल डेवलपमेंट के लिए 305 मिलियन डॉलर की वित्तीय सहायता स्वीकृत की है। यह सहायता 2030 तक राज्य को प्रदूषण-मुक्त बनाने के व्यापक लक्ष्य को साधने में अहम भूमिका निभाएगी।
परियोजना का मुख्य उद्देश्य परिवहन, उद्योग, कृषि और शहरी प्रबंधन जैसे प्रमुख क्षेत्रों में वायु गुणवत्ता में मापनीय सुधार लाना है। इसके लिए अत्याधुनिक तकनीक, बेहतर प्रबंधन प्रणाली और प्रदूषण नियंत्रण उपायों को लागू किया जाएगा।
अधिकारियों के अनुसार, इस परियोजना के तहत—
परिवहन क्षेत्र में स्वच्छ ईंधन को बढ़ावा, उत्सर्जन में कमी और सार्वजनिक परिवहन को मजबूत किया जाएगा।
उद्योगों में प्रदूषण नियंत्रण मानकों को कड़ाई से लागू किया जाएगा।
कृषि क्षेत्र में पराली प्रबंधन के लिए टिकाऊ समाधान उपलब्ध कराए जाएंगे।
शहरी क्षेत्रों में ठोस अपशिष्ट प्रबंधन, निर्माण गतिविधियों की निगरानी और हरी झीलों की वृद्धि पर विशेष ध्यान दिया जाएगा।
यह वित्तीय सहायता पर्यावरण सुधार, सार्वजनिक स्वास्थ्य सुरक्षा और सतत विकास के लिए हरियाणा की प्रतिबद्धता को मजबूत करती है। सरकार का कहना है कि यह परियोजना आने वाली पीढ़ियों को बेहतर और स्वच्छ वातावरण देने की दिशा में एक निर्णायक कदम है।


