श्रावण मास की चतुर्दशी तिथि पर अपनाएं ये प्रभावी शिव भक्ति उपाय, जिससे पाएं सुख, समृद्धि, और हर संकट से मुक्ति। जानें भगवान शिव की कृपा पाने के सरल उपाय।
श्रावण मास की चतुर्दशी तिथि का धार्मिक और पौराणिक दृष्टिकोण से विशेष महत्व है। इस दिन की पूजा से भगवान शिव की कृपा प्राप्त होती है और जीवन में सुख, समृद्धि एवं लक्ष्मी का वास होता है। शिव भक्ति, दान और जप के उपायों से व्यापार, करियर, और जीवन के सभी संकटों से मुक्ति मिलती है। जानिए इस खास दिन पर किए जाने वाले कुछ प्रभावी उपाय जो भगवान शिव की विशेष कृपा प्राप्त करने में मदद करेंगे।
1. शिवलिंग पर काले तिल और शहद से अभिषेक करें
काले तिल और शुद्ध शहद से शिवलिंग का अभिषेक करने से पापों का नाश होता है और दुर्भाग्य दूर होता है। यह उपाय नकारात्मक ऊर्जा से मुक्ति दिलाने के साथ-साथ आर्थिक समस्याओं का समाधान भी करता है।
2. दूध और केसर से शिवलिंग पर अभिषेक करें
दूध में केसर मिलाकर शिवलिंग पर अर्पित करने से घर में लक्ष्मी का वास होता है। यह उपाय खासतौर पर धन वृद्धि और व्यापार में सफलता के लिए अत्यंत लाभकारी है।
3. शिव मंदिर में सफाई और सेवा करें
श्रावण मास की चतुर्दशी तिथि को किसी नजदीकी शिव मंदिर में जाकर झाड़ू लगाना, दीपक जलाना और जल चढ़ाना पुण्यकारी होता है। शास्त्रों के अनुसार, मंदिर की सेवा से भगवान शिव शीघ्र प्रसन्न होते हैं और घर में शुभता का संचार होता है।
4. उत्तर-पूर्व दिशा में शिव परिवार की तस्वीर लगाएं
वास्तु के अनुसार उत्तर-पूर्व दिशा को सबसे शुभ माना गया है। इस दिशा में शिव परिवार की तस्वीर लगाने से घर में शांति, प्रेम और समृद्धि बनी रहती है।
5. 11 बेलपत्र चढ़ाएं जिन पर ‘ॐ नमः शिवाय’ लिखा हो
भगवान शिव को बेलपत्र बहुत प्रिय हैं। इस दिन 11 बेलपत्रों पर चंदन या काजल से ‘ॐ नमः शिवाय’ लिखकर शिवलिंग पर चढ़ाने से शिवजी प्रसन्न होते हैं और भक्त को उनके आशीर्वाद से जीवन में खुशियाँ मिलती हैं।
6. गाय और नंदी को हरा चारा और गुड़ खिलाएं
गाय और नंदी की सेवा विशेष महत्व रखती है। गाय को चारा और गुड़ खिलाने से अन्न और धन में वृद्धि होती है, जबकि नंदी को हरा चारा खिलाने से भगवान शिव की विशेष कृपा प्राप्त होती है। यह उपाय पितृदोष शांति और पारिवारिक समृद्धि के लिए बेहद प्रभावी है।
7. शिव जी को सफेद चंदन और सफेद फूल अर्पित करें
सफेद चंदन और सफेद फूल शिवलिंग पर अर्पित करने से मानसिक शांति और दांपत्य जीवन में सौहार्द बना रहता है। यह उपाय मानसिक तनाव को दूर करने और आत्मिक शांति प्राप्त करने में सहायक है।
8. मृत्युंजय मंत्र का जाप करें
श्रावण मास की चतुर्दशी तिथि पर संध्या समय में शिवलिंग के पास शुद्ध घी का दीपक जलाकर ‘मृत्युंजय मंत्र’ का 108 बार जाप करें। यह उपाय रोगों से मुक्ति, भय से रक्षा और दीर्घायु प्राप्ति के लिए बहुत फायदेमंद है।


