हरियाणा राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने प्लास्टिक प्रदूषण के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए चार हफ्तों में 1,849 चालान काटे और करीब 16 लाख रुपये का पर्यावरणीय जुर्माना लगाया। अभियान का मकसद राज्य को स्वच्छ और प्रदूषण मुक्त बनाना है।
हरियाणा में प्लास्टिक प्रदूषण पर लगाम लगाने के लिए प्रशासन ने सख्त रुख अपनाते हुए व्यापक स्तर पर कार्रवाई तेज कर दी है। हरियाणा राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (HSPCB) ने राज्यभर में विशेष अभियान चलाकर नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की है। इस अभियान के दौरान बड़ी संख्या में दुकानदारों, व्यावसायिक प्रतिष्ठानों और अन्य इकाइयों पर शिकंजा कसा गया।
बोर्ड द्वारा चलाए गए इस विशेष अभियान में 24 दिसंबर 2025 से 20 जनवरी 2026 के बीच प्रदेश के विभिन्न जिलों में निरीक्षण किए गए। इस चार सप्ताह की अवधि में प्लास्टिक के अवैध उपयोग, प्रतिबंधित सामग्री के भंडारण और नियमों की अनदेखी करने वाले मामलों पर कार्रवाई करते हुए कुल 1,849 चालान जारी किए गए।
इतना ही नहीं, पर्यावरण को नुकसान पहुंचाने वाली इन गतिविधियों पर सख्ती दिखाते हुए उल्लंघनकर्ताओं पर करीब ₹15.97 लाख का पर्यावरणीय जुर्माना भी लगाया गया है। अधिकारियों का कहना है कि यह जुर्माना केवल दंडात्मक कार्रवाई नहीं है, बल्कि लोगों में यह संदेश देने के लिए भी है कि प्लास्टिक प्रदूषण के खिलाफ सरकार किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं करेगी।
प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के अधिकारियों के मुताबिक, प्लास्टिक कचरा न केवल नालियों और जलस्रोतों को जाम करता है, बल्कि मिट्टी और पर्यावरण को भी लंबे समय तक नुकसान पहुंचाता है। इसी वजह से राज्य सरकार और बोर्ड मिलकर प्लास्टिक के उपयोग को नियंत्रित करने और लोगों को वैकल्पिक, पर्यावरण-अनुकूल विकल्प अपनाने के लिए लगातार जागरूकता अभियान भी चला रहे हैं।
अधिकारियों ने यह भी साफ किया है कि आने वाले समय में इस तरह के निरीक्षण और कार्रवाई और तेज की जाएगी। खासतौर पर शहरी क्षेत्रों, बाजारों और औद्योगिक इलाकों में नियमित चेकिंग की जाएगी, ताकि प्रतिबंधित प्लास्टिक के इस्तेमाल पर पूरी तरह रोक लगाई जा सके।
प्रशासन का मानना है कि इस तरह की सख्त कार्रवाई से न सिर्फ नियमों का पालन सुनिश्चित होगा, बल्कि आम लोगों में भी पर्यावरण के प्रति जिम्मेदारी की भावना बढ़ेगी। राज्य को स्वच्छ, सुरक्षित और प्रदूषण मुक्त बनाने की दिशा में यह अभियान एक अहम कदम माना जा रहा है।


