मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी की अध्यक्षता में SLC बैठक में पानीपत के बहोली की विकास योजना को मंजूरी दी गई। 2031 तक 65 हजार आबादी की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए आवासीय, वाणिज्यिक और परिवहन क्षेत्रों के लिए भूमि उपयोग तय किया गया है।
2031 तक 65 हजार आबादी की जरूरतों के लिए आवासीय, वाणिज्यिक, परिवहन और खुले क्षेत्रों का होगा नियोजित विकास
मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी की अध्यक्षता में हुई राज्य स्तरीय समिति (SLC) की बैठक में पानीपत के बहोली क्षेत्र की विकास योजना को मंजूरी दे दी गई है। इस योजना को वर्ष 2031 तक अनुमानित 65 हजार की आबादी की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए तैयार किया गया है, ताकि क्षेत्र का सुनियोजित और संतुलित विकास सुनिश्चित किया जा सके।
इस विकास योजना के तहत आवासीय, वाणिज्यिक, सार्वजनिक, परिवहन, उपयोगिता और खुले क्षेत्रों के लिए भूमि उपयोग प्रस्तावित किया गया है। इसका उद्देश्य भविष्य की आबादी के अनुरूप बुनियादी ढांचे को मजबूत करना और क्षेत्र को सुव्यवस्थित शहरी स्वरूप देना है।
अधिकारियों के अनुसार, यह योजना पानीपत ऑयल रिफाइनरी की वर्तमान स्थिति और भविष्य में होने वाली सहायक औद्योगिक गतिविधियों को ध्यान में रखते हुए तैयार की गई है, ताकि औद्योगिक विकास और आवासीय विस्तार के बीच संतुलन बना रहे और क्षेत्र में अव्यवस्थित विकास को रोका जा सके।
अब इस योजना को लेकर अधिसूचना जारी की जाएगी और आम जनता से 30 दिनों के भीतर आपत्तियां और सुझाव आमंत्रित किए जाएंगे। प्राप्त सुझावों और आपत्तियों पर विचार करने के बाद अंतिम विकास योजना प्रकाशित की जाएगी।
सरकार का मानना है कि इस कदम से बहोली और आसपास के क्षेत्रों में सुनियोजित शहरी विकास को गति मिलेगी, बुनियादी सुविधाओं का विस्तार होगा और भविष्य की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए एक बेहतर इंफ्रास्ट्रक्चर तैयार किया जा सकेगा।


