पराक्रम दिवस के अवसर पर हरियाणा के मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी ने महान स्वतंत्रता सेनानी नेताजी सुभाष चंद्र बोस को श्रद्धापूर्वक नमन किया और प्रदेशवासियों को बसंत पंचमी की हार्दिक शुभकामनाएं दीं। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने कहा कि नेताजी सुभाष चंद्र बोस का देश की आज़ादी में अमूल्य योगदान रहा है, जिनके संघर्ष, साहस और नेतृत्व के कारण आज हम स्वतंत्र भारत में सांस ले पा रहे हैं।
मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने अपने संदेश में कहा कि नेताजी सुभाष चंद्र बोस भारतीय स्वतंत्रता संग्राम के ऐसे अद्वितीय नायक थे, जिन्होंने आज़ादी की लड़ाई को निर्णायक दिशा देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। उन्होंने युवाओं को संबोधित करते हुए कहा कि नेताजी का जीवन हमें अन्याय के विरुद्ध खड़े होने, राष्ट्रहित को सर्वोपरि रखने और लक्ष्य प्राप्ति के लिए किसी भी कठिनाई से न घबराने की प्रेरणा देता है। उनका ओजस्वी नेतृत्व और अनुशासनबद्ध दृष्टिकोण आज भी देश के युवाओं के लिए मार्गदर्शक है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि “तुम मुझे खून दो, मैं तुम्हें आज़ादी दूंगा” जैसे प्रेरक शब्दों के माध्यम से नेताजी ने देशवासियों में स्वतंत्रता के प्रति अदम्य जज्बा भरा। आज़ाद हिंद फौज के गठन के माध्यम से उन्होंने विदेशी शासन के विरुद्ध सशक्त संघर्ष को संगठित किया और स्वतंत्रता आंदोलन को नई ऊर्जा प्रदान की। उनका त्याग और बलिदान भारतीय इतिहास में स्वर्ण अक्षरों में अंकित है।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने बसंत पंचमी की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि यह पर्व ज्ञान, विद्या और सकारात्मक ऊर्जा का प्रतीक है। मां सरस्वती की आराधना का यह पावन दिवस समाज में बौद्धिक चेतना, सृजनशीलता और सद्बुद्धि का संचार करता है। उन्होंने प्रदेशवासियों से आह्वान किया कि वे बसंत पंचमी के अवसर पर शिक्षा, संस्कार और सांस्कृतिक मूल्यों को और अधिक सुदृढ़ बनाने का संकल्प लें।
मुख्यमंत्री ने कहा कि नेताजी सुभाष चंद्र बोस के दिखाए मार्ग पर चलते हुए प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में विकसित भारत की मजबूत नींव रखी जा रही है। आत्मनिर्भरता, राष्ट्रगौरव और समावेशी विकास के सिद्धांतों को केंद्र में रखकर देश निरंतर प्रगति की ओर अग्रसर है। उन्होंने कहा कि विकसित भारत का सपना तभी साकार होगा जब प्रत्येक नागरिक राष्ट्रनिर्माण में अपनी सक्रिय भूमिका निभाएगा।
पराक्रम दिवस के अवसर पर प्रदेशभर में विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए गए, जहां नेताजी के जीवन, संघर्ष और विचारों पर चर्चा की गई। वक्ताओं ने कहा कि नेताजी सुभाष चंद्र बोस का जीवन साहस, अनुशासन और राष्ट्रभक्ति का प्रतीक है, जो आने वाली पीढ़ियों को सदैव प्रेरित करता रहेगा। मुख्यमंत्री ने अंत में प्रदेशवासियों से नेताजी के आदर्शों को आत्मसात कर एक सशक्त, आत्मनिर्भर और विकसित भारत के निर्माण में योगदान देने का आह्वान किया।


