आज का दिन मेरे जीवन के लिए अत्यंत सौभाग्यशाली है कि मुझे उस पावन धरती पर माथा टेकने का अवसर प्राप्त हुआ, जहां गुरु गोबिंद सिंह जी ने तपस्या की थी। समराला की इस पवित्र धरा को नमन करते हुए ‘विकसित भारत जी राम जी’ जन-जागरूकता रैली में पधारे सभी परिवारजनों का हार्दिक स्वागत एवं आभार व्यक्त किया गया। रैली के दौरान बड़ी संख्या में लोगों की सहभागिता ने यह स्पष्ट कर दिया कि पंजाब की जनता बदलाव के लिए पूरी तरह तैयार है।
सभा को संबोधित करते हुए वक्ता ने कहा कि गुरु गोबिंद सिंह जी की शिक्षाएं साहस, त्याग और सत्य के मार्ग पर चलने की प्रेरणा देती हैं। उनकी तपोभूमि पर आकर आत्मिक ऊर्जा और राष्ट्रसेवा के संकल्प को नई मजबूती मिलती है। समराला की पावन धरती न केवल धार्मिक आस्था का केंद्र है, बल्कि यह सामाजिक जागरण और राष्ट्रीय चेतना का भी प्रतीक है।
रैली में मौजूद जनसमूह को संबोधित करते हुए वक्ता ने कहा कि आज यह पूरी तरह स्पष्ट हो चुका है कि आम आदमी पार्टी हो या कांग्रेस, दोनों ने ही पंजाब की जनता के साथ विश्वासघात की राजनीति की है। झूठे वादों और खोखली घोषणाओं के माध्यम से वर्षों तक जनता को गुमराह किया गया, लेकिन अब सच्चाई सबके सामने आ चुकी है। जनता समझ चुकी है कि किसने केवल वादे किए और किसने वास्तव में विकास की दिशा में काम किया।
उन्होंने कहा कि पंजाब अब नए बदलाव की ओर अग्रसर है। यह बदलाव केवल सत्ता परिवर्तन का नहीं, बल्कि सोच, नीति और नीयत के परिवर्तन का है। पंजाब की जनता एक ऐसे भविष्य की ओर बढ़ रही है, जो विकास, विश्वास और सुशासन पर आधारित हो। यह वही मॉडल है, जिसे देशभर में माननीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के नेतृत्व में सफलतापूर्वक लागू किया गया है।
सभा में कहा गया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश ने बीते वर्षों में बुनियादी ढांचे, गरीब कल्याण, किसानों के हित और युवाओं के सशक्तिकरण के क्षेत्र में ऐतिहासिक कार्य किए हैं। आज भारत ‘विकसित भारत’ के लक्ष्य की ओर तेजी से बढ़ रहा है और पंजाब भी इस विकास यात्रा का महत्वपूर्ण हिस्सा बनने जा रहा है।
जन-जागरूकता रैली के दौरान वक्ता ने युवाओं, किसानों, महिलाओं और समाज के हर वर्ग से आह्वान किया कि वे राष्ट्र निर्माण की इस यात्रा में सक्रिय भूमिका निभाएं। उन्होंने कहा कि मजबूत नेतृत्व, स्पष्ट नीति और ईमानदार नीयत से ही जनता का विश्वास जीता जा सकता है, और यही आज की सबसे बड़ी आवश्यकता है।
अंत में समराला की पवित्र धरती को नमन करते हुए सभी आगंतुकों और स्थानीय लोगों का आभार व्यक्त किया गया। वक्ता ने विश्वास जताया कि जनता के आशीर्वाद और समर्थन से पंजाब विकास, शांति और समृद्धि के नए युग में प्रवेश करेगा और ‘विकसित भारत’ के संकल्प को साकार करने में अग्रणी भूमिका निभाएगा।


