हरियाणा सरकार बजट निर्माण की प्रक्रिया को केवल बंद कमरों तक सीमित रखने के बजाय सभी हितधारकों की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करने की दिशा में निरंतर कार्य कर रही है। इसी सोच को आगे बढ़ाते हुए हरियाणा विज़न 2047 के लक्ष्य के साथ गुरुग्राम में एक महत्वपूर्ण ‘प्री-बजट कंसल्टेशन बैठक’ का आयोजन किया गया। इस बैठक की अध्यक्षता मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने की, जिसमें उद्योग, व्यापार, मैन्युफैक्चरिंग, स्टार्टअप्स और अन्य क्षेत्रों से जुड़े प्रतिनिधियों ने भाग लिया।
मुख्यमंत्री ने बैठक को संबोधित करते हुए कहा कि सरकार का उद्देश्य ऐसा बजट तैयार करना है, जो प्रदेश के हर वर्ग और हर क्षेत्र के हितों को प्रतिबिंबित करे। उन्होंने स्पष्ट किया कि बजट निर्माण की प्रक्रिया में पारदर्शिता और सहभागिता बेहद जरूरी है, ताकि जमीनी स्तर की वास्तविक जरूरतों और सुझावों को नीति निर्माण में शामिल किया जा सके। हरियाणा विज़न 2047 के तहत राज्य को आर्थिक, औद्योगिक और सामाजिक रूप से सशक्त बनाने का लक्ष्य रखा गया है, और यह तभी संभव है जब सभी हितधारक मिलकर इस दिशा में योगदान दें।
मुख्यमंत्री ने बताया कि पिछले वर्षों की तरह इस बार भी प्री-बजट कंसल्टेशन बैठकों के दौरान प्राप्त सुझावों के आधार पर #HaryanaKaBudget में कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए हैं। उद्योग और व्यापार जगत से मिले व्यावहारिक और नवाचारपूर्ण सुझावों ने सरकार को बजट प्रावधानों को अधिक प्रभावी और विकासोन्मुख बनाने में मदद की है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि हरियाणा के औद्योगिक विकास के लिए बजट में किसी भी प्रकार की कमी नहीं आने दी जाएगी और निवेश, रोजगार सृजन तथा इंफ्रास्ट्रक्चर विकास को प्राथमिकता दी जाती रहेगी।
बैठक के दौरान प्रतिभागियों ने औद्योगिक नीति, इंफ्रास्ट्रक्चर, लॉजिस्टिक्स, स्किल डेवलपमेंट, एमएसएमई को प्रोत्साहन, स्टार्टअप इकोसिस्टम और नई तकनीकों के उपयोग जैसे विषयों पर अपने सुझाव रखे। मुख्यमंत्री ने सभी सुझावों को गंभीरता से सुनते हुए कहा कि सरकार का प्रयास है कि हरियाणा को उद्योगों के लिए एक पसंदीदा गंतव्य बनाया जाए। इसके लिए सरल प्रक्रियाएं, निवेश अनुकूल वातावरण और मजबूत आधारभूत संरचना पर लगातार काम किया जा रहा है।
मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि हरियाणा विज़न 2047 केवल सरकार का नहीं, बल्कि प्रदेश के प्रत्येक नागरिक और हितधारक का साझा सपना है। इस विज़न को साकार करने में उद्योग, व्यापारी, किसान, युवा, महिला और समाज के हर वर्ग की भूमिका महत्वपूर्ण है। उन्होंने बैठक में भाग लेने वाले सभी हितधारकों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि उनकी सहभागिता से ही सरकार को सही दिशा और ऊर्जा मिलती है।
उल्लेखनीय है कि गुरुग्राम जैसे औद्योगिक और आर्थिक केंद्र में आयोजित यह प्री-बजट कंसल्टेशन बैठक हरियाणा के आर्थिक भविष्य को सशक्त बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है। सरकार और हितधारकों के बीच इस प्रकार का संवाद न केवल बेहतर नीतियों के निर्माण में सहायक है, बल्कि प्रदेश को दीर्घकालिक विकास के पथ पर अग्रसर करने में भी अहम भूमिका निभा रहा है।


