वन एवं पर्यावरण मंत्री Rao Narbir Singh के नेतृत्व में हरियाणा सरकार ने अरावली पर्वतमाला के संरक्षण के लिए वर्ष 2030 तक की एक ठोस और दीर्घकालिक कार्ययोजना तैयार की है। इस कार्ययोजना का उद्देश्य पर्यावरण संतुलन बनाए रखना और भविष्य की पीढ़ियों के लिए प्राकृतिक धरोहर को सुरक्षित करना है।
सरकार द्वारा अरावली ग्रीन वॉल परियोजना के अंतर्गत राजस्थान, दिल्ली और गुजरात सहित अरावली क्षेत्र से जुड़े सभी राज्यों के साथ समन्वय को और मजबूत किया जा रहा है। इस परियोजना के माध्यम से मरुस्थलीकरण, भूमि क्षरण और सूखे जैसी गंभीर पर्यावरणीय चुनौतियों से प्रभावी ढंग से निपटने पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।
पर्यावरण संरक्षण को जन-आंदोलन बनाने की दिशा में मिशन LiFE (Lifestyle for Environment) और ‘एक पेड़ मां के नाम’ से प्रेरित योजनाओं का राज्यभर में व्यापक विस्तार किया जा रहा है। इन अभियानों के तहत अधिक से अधिक पौधारोपण, हरित क्षेत्र का विस्तार और जनभागीदारी सुनिश्चित की जा रही है।
वन एवं पर्यावरण मंत्री ने कहा कि अरावली का संरक्षण केवल एक राज्य का नहीं, बल्कि राष्ट्रीय दायित्व है। हरियाणा सरकार पर्यावरण संरक्षण, जैव विविधता संवर्धन और सतत विकास के संकल्प के साथ निरंतर आगे बढ़ रही है।


