कुरुक्षेत्र। भारत के माननीय उप-राष्ट्रपति श्री सी. पी. राधाकृष्णन ने कहा कि “कुरुक्षेत्र हमेशा एक महान नैतिक संदेश के लिए याद किया जाता है, जो मानवता को धर्म, कर्तव्य और सत्य के पथ पर चलने की प्रेरणा देता है।” वे आज कुरुक्षेत्र में आयोजित एक महत्वपूर्ण कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे।
उप-राष्ट्रपति ने कहा कि महाभारत और श्रीमद्भगवद्गीता की भूमि होने के कारण कुरुक्षेत्र विश्वभर में शांति, कर्तव्यनिष्ठा और नैतिक मूल्यों का केंद्र माना जाता है। उन्होंने युवाओं से आह्वान किया कि वे देशहित और समाजहित को सर्वोपरि रखते हुए ज्ञान, तकनीक और नैतिकता के साथ आगे बढ़ें।
अपने संबोधन के दौरान उन्होंने भारतीय संस्कृति में निहित सद्भाव, अनुशासन और परोपकार के मूल्यों को मजबूत करने की आवश्यकता पर जोर दिया। उप-राष्ट्रपति ने कहा कि आज का युवा भारत परिवर्तन का आधारस्तंभ है और उसके निर्णय भविष्य के भारत का मार्ग तय करेंगे।
कार्यक्रम में बड़ी संख्या में विद्यार्थी, शिक्षक, गणमान्य नागरिक और अधिकारी उपस्थित रहे। उप-राष्ट्रपति के उद्बोधन ने सभी को प्रेरित किया और कुरुक्षेत्र की ऐतिहासिक एवं आध्यात्मिक महत्ता को पुनः उजागर किया।
"Kurukshetra is always remembered for one great moral" : Hon’ble Vice-President Shri C. P. Radhakrishnan@VPIndia @CPR_VP pic.twitter.com/mPJKI6Bu47
— CMO Haryana (@cmohry) November 30, 2025


